Published on Jul 19, 2026
नई दिल्ली: दिल्ली सरकार सार्वजनिक वितरण प्रणाली (PDS) को पूरी तरह डिजिटल बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाने जा रही है। सरकार जल्द ही Smart PDS System लागू करने की तैयारी में है, जिसके तहत राशन कार्ड सेवाओं को आधुनिक तकनीक से जोड़ा जाएगा। नई व्यवस्था लागू होने के बाद राशन कार्ड धारकों को कई सेवाएं ऑनलाइन मिलेंगी और राशन वितरण प्रक्रिया पहले से अधिक पारदर्शी होने की उम्मीद है।
Smart PDS लागू होने के बाद लाभार्थियों को छोटे-छोटे कार्यों के लिए सरकारी कार्यालय जाने की आवश्यकता काफी कम हो सकती है। नई प्रणाली के माध्यम से परिवार के सदस्य का नाम जोड़ना या हटाना, आवश्यक दस्तावेज अपलोड करना और आवेदन की स्थिति ऑनलाइन देखना संभव होगा।
इसके अलावा लाभार्थी अपने मोबाइल फोन से यह भी जान सकेंगे कि उनका राशन कब जारी हुआ, किस उचित मूल्य की दुकान (FPS) तक पहुंचा और वितरण कब होगा।
नई योजना के तहत वर्तमान राशन कार्डों को अपग्रेड कर QR Code आधारित Smart Ration Card जारी किए जाएंगे। प्रत्येक कार्ड पर मौजूद QR Code की सहायता से राशन कार्ड की सत्यता की तुरंत जांच की जा सकेगी।
सरकार का मानना है कि इससे फर्जी राशन कार्ड, डुप्लीकेट रिकॉर्ड और गलत तरीके से सरकारी अनाज लेने के मामलों में कमी आएगी।
नई प्रणाली में Facial Authentication को भी शामिल किया जा रहा है। जिन लाभार्थियों के फिंगरप्रिंट बायोमेट्रिक मशीन में सही तरीके से सत्यापित नहीं हो पाते, वे भविष्य में चेहरे की पहचान के माध्यम से भी अपनी पहचान प्रमाणित कर सकेंगे।
इस सुविधा से विशेष रूप से बुजुर्गों और मजदूर वर्ग के लोगों को राहत मिलने की उम्मीद है, जिनके फिंगरप्रिंट कई बार मशीन में मैच नहीं होते।
Smart PDS के माध्यम से खाद्यान्न वितरण की पूरी प्रक्रिया डिजिटल रिकॉर्ड में दर्ज होगी। इससे अधिकारियों को राशन कार्ड में होने वाले बदलाव, आवेदन की स्थिति और राशन वितरण की निगरानी करने में आसानी होगी। सरकार का उद्देश्य पारदर्शिता बढ़ाने के साथ-साथ कालाबाजारी और अनियमितताओं पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करना है।
नई प्रणाली को लागू करने से पहले दिल्ली सरकार ने 16 सदस्यीय User Acceptance Testing (UAT) समिति का गठन किया है। यह समिति Ration Card Management System (RCMS) एप्लिकेशन की कार्यप्रणाली की जांच करेगी।
परीक्षण के दौरान आवेदन प्रक्रिया, दस्तावेज अपलोड, परिवार के सदस्य जोड़ने या हटाने, आवेदन ट्रैकिंग और राशन वितरण जैसी सेवाओं का मूल्यांकन किया जाएगा ताकि अंतिम लॉन्च के समय लाभार्थियों को किसी प्रकार की तकनीकी समस्या का सामना न करना पड़े।
सरकार का कहना है कि Smart PDS लागू होने के बाद राशन वितरण प्रणाली पहले की तुलना में अधिक पारदर्शी, सुरक्षित और तकनीक आधारित होगी। यदि परीक्षण सफल रहता है, तो दिल्ली के राशन कार्ड धारकों को जल्द ही QR Code आधारित स्मार्ट राशन कार्ड और Facial Verification जैसी आधुनिक सुविधाओं का लाभ मिलने लगेगा।